Image Optimize Kaise Kare (Tips) In Hindi 2020-21 | इमेज ऑप्टिमाइज कैसे करें

Image Optimize Kaise Kare In Hindi 2020-21 इमेज ऑप्टिमाइज कैसे करें, image optimization for website

हर वेबसाइट के लिए इमेज ऑप्टिमाइजेशन बहुत ही ज्यादा आवश्यक होता है. बता दें कि वेबसाइट परफॉर्मेंस और गूगल में इमेज सर्च की रैंकिंग को बेहतर करने के लिए इमेज ऑप्टिमाइजेशन किया जाता है. इसीलिए अपने ब्लॉग में इमेज को सही तरह से ऑप्टिमाइज करना चाहिए. ‌अगर आपको इमेज ऑप्टिमाइजेशन करना नहीं आता तो आप हमारे आज के इस आर्टिकल को पूरा अवश्य पढ़ें क्योंकि हम अपने इस आर्टिकल में आपको इमेज ऑप्टिमाइजेशन की पूरी प्रक्रिया विस्तारपूर्वक समझाएंगे.

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इमेज ऑप्टिमाइजेशन क्यों करना चाहिए

सबसे पहले आपको यहां बता दें कि किसी भी वेबसाइट में इमेज ऑप्टिमाइज करने की कई वजह होती हैं. अगर आप अपने ब्लॉग में इमेज का साइज बड़ा रखेंगे तो यह आपके वेब पेज को बहुत अधिक धीमा कर देगी जिसके कारण आपके ब्लॉग पर आने वाले यूजर्स पर इसका बुरा असर पड़ेगा. इसीलिए इमेज ऑप्टिमाइजेशन प्रक्रिया में इमेज के फाइल साइज को कम करते हैं ताकि पेज लोड होने का टाइम तेज़ हो सके. इसके साथ-साथ आपको यह जानकारी भी दे दें कि किसी आर्टिकल में इस्तेमाल की जाने वाली इमेजेस एसईओ स्कोर में भी अत्यधिक सुधार लाती है. इसलिए आपको अपनी इमेज का सही नाम यानी रिनेम (Rename) और अल्ट टैग (Alt tag)  का प्रयोग करना चाहिए क्योंकि इनसे आप अपने आर्टिकल को और भी अधिक एसईओ फ्रेंडली (SEO Friendly) बना सकते हैं. इस प्रकार यदि अब आप अपनी वेबसाइट के सभी इमेजेस को ठीक तरह से ऑप्टिमाइज़ करेंगे तो आपकी इमेजेस सर्च इंजिन्स में बहुत बेहतरीन परफॉर्म कर सकेंगी.

ब्लॉग के लिए राइट इमेजेस का प्रयोग करें

अगर आप अपनी वेबसाइट या ब्लॉग पर इमेजेस का प्रयोग करते हैं तो जब भी आप अपने आर्टिकल के लिए इमेज ढूंढे तो उस समय आपको बहुत सावधानी बरतने की जरूरत होती है. यहां बता दें कि अगर आपको अपने आर्टिकल के लिए किसी इमेज की जरूरत है तो ऐसे में आप गूगल इमेजेस (Google Images) का इस्तेमाल नहीं कर सकते. ऐसा इसलिए होता है क्योंकि वह सभी इमेजेस कॉपीराइट प्रोटेक्टेड होती है जिसके कारण आपको काफी परेशानी हो सकती है. इसलिए आप इमेजेस के लिए उन वेबसाइट्स का प्रयोग करें जहां पर फ्री स्टॉक इमेजेस ऑफर की जाती हैं. ‌वहां से आप अपने आर्टिकल के हिसाब से इमेज सिलेक्ट करके डाउनलोड कर सकते हैं.

यहां जानकारी के लिए बता दें कि पिक्साबे (Pixabay), पेक्सल्स (Pexels), मोर्गफाइल (MorgueFile), फ्री डिजिटल फोटोज (Free Digital Photos) आदि कुछ ऐसी वेबसाइट्स हैं जहां से आप फ्री में इमेजेस प्रयोग कर सकते हैं. इसके अलावा अगर आप इमेजेस खरीदना चाहते हैं तो उसके लिए आप शटरस्टॉक (ShutterStock) से प्रोफेशनल और हाई क्वालिटी इमेजेस खरीद सकते हैं. हमारा कहने का मतलब यह है कि आप अपनी वेबसाइट के लिए मुफ्त साइटों या फिर पेड साइटों का इस्तेमाल कर सकते हैं परंतु गूगल इमेजेस का प्रयोग कभी भी नहीं करें.

यदि आप थोड़े क्रिएटिव हैं तो आप अपने ब्लॉग के लिए स्वयं भी कस्टम इमेजेस बना सकते हैं. इसके लिए आप कैनवा (Canva), पिक मंकी  (PicMonkey)  जैसी पॉपुलर साइट पर जाकर आसानी से कस्टम इमेजेस बना सकते हैं.‌ आपकी जानकारी के लिए बता दें कि कैनवा एक बहुत अधिक पॉपुलर और लोकप्रिय प्लेटफॉर्म है जहां पर अगर आप एक अच्छे डिजाइनर नहीं भी है तो भी आप एक अच्छी इमेज क्रिएट कर सकते हैं. इसलिए यदि आपको कभी स्टॉक इमेजेस साइट पर अपने आर्टिकल के लिए कोई रिलेटेड इमेज ना मिले तो ऐसे में आप कैनवा जैसी वेबसाइट का प्रयोग करके अपनी कस्टम इमेज क्रिएट कर सकते हैं.

सर्च इंजंस के लिए इमेजेस ऑप्टिमाइजेशन कैसे करें

  • इमेज को रिनेम करें – जब भी आप अपने आर्टिकल में एक नई इमेज अपलोड करें तो उससे पहले उसका एक प्रॉपर नाम लिखें यानी रीनेम करें. जब भी आप अपनी इमेज का रिनेम करें तो उस समय कीवर्ड रिच नेम का प्रयोग करें ताकि आपकी इमेज सर्च रिजल्ट में रैंक कर सके.
  • इमेज की साइज और कंप्रेशन पर ध्यान दें – जिस समय आप अपनी इमेज को अपलोड करें तो उस समय इमेज के साइज और कंप्रेशन पर भी ध्यान दें क्योंकि अगर आप अपनी वेबसाइट पर बड़ी इमेज का इस्तेमाल करते हैं तो उससे आपकी वेबसाइट काफी धीमी हो जाती है. इसलिए इसकी ओर भी ध्यान अवश्य दें.

इमेज साइज

आपकी इमेज का साइज आपके आर्टिकल और थीम पर निर्भर करता है. यहां आपको बता दें कि ज्यादातर ब्लॉग थीम की कंटेंट एरिया 600 से लेकर 700 पिक्सेल तक की होती है. इसलिए इमेज का साइज अपनी थीम के हिसाब से प्रयोग कर सकते है. इसके साथ साथ आपको यह भी बता दें कि अगर आप कभी अपने किसी आर्टिकल के लिए स्टॉक इमेजेस डाउनलोड करते हैं तो इस बात को ध्यान में रखें कि उनकी डायमेंशन बहुत ज्यादा होती है इसलिए उनको री-साइज अवश्य कर लें. कुछ लोग इन इमेजेस को री-साइज़ किए बिना अपने आर्टिकल में अपलोड कर देते हैं और बाद में पोस्ट एडिटर में जाकर फिर इमेज को री-साइज़ करते हैं जो कि बिल्कुल गलत है.

अपने इमेजेस को री-साइज़ करने के लिए आप किसी अच्छे प्लगइन जैसे- imageresize.org, reSmush.it Image Optimizer, EWWW Image Optimizer, Short Pixel Image Optimizer इत्यादि का प्रयोग कर सकते हैं.

इमेज कंप्रेशन

यहां आपको जानकारी के लिए बता दें कि अगर आप अपने आर्टिकल में हाई क्वालिटी स्टॉक इमेजेस का प्रयोग करते हैं तो उससे आपके सर्वर पर बहुत अधिक लोड पड़ सकता है क्योंकि अच्छी क्वालिटी वाली इमेजेस का साइज बहुत ज्यादा होता है. इसलिए आप इस बात की कोशिश करें कि अपनी इमेज के साइज को 100kb  के अंदर ही रखें. ध्यान रखें कि इमेज की साइज अगर 100 केबी से ज्यादा है तो उस इमेज को हमेशा री-साइज़ करने के बाद अपलोड करें.

यहां आपकी जानकारी के लिए बता दें कि WordPress.org में आपको काफी सारे इमेज ऑप्टिमाइजर प्लगइन मिल जाएंगे जिनकी सहायता से आप अपनी इमेजेस को री-साइज करने के साथ-साथ कंप्रेस भी कर सकते हैं.

  • आल्ट टेक्स्ट (Alt Text) का उपयोग करें – अगर आपको आल्ट टेक्स्ट के बारे में नहीं पता तो आपको बता दें कि यह आपकी इमेज को एसईओ फ्रेंडली बनाने का काम करता है जो कि ऑन पेज एसईओ (On Page SEO) में काफी महत्व रखता है क्योंकि यही सर्च इंजन को बताता है कि आपकी इमेज किसके बारे में है. यह जान लीजिए कि अगर आप अपनी इमेजेस के लिए आल्ट टेक्स्ट का उपयोग नहीं करते हैं तो सर्च इंजन में आप कभी भी रैंक नहीं कर सकते क्योंकि सर्च इंजन आल्ट टेक्स्ट के माध्यम से विजिटर को सबसे अच्छी इमेजेस दिखाता है. इमेजेस के आल्ट टेक्स्ट में आप अपने उस कीवर्ड का इस्तेमाल करें जो आपकी इमेज को सर्च रिजल्ट में रैंक करा सके. इसके साथ साथ इस बात का भी आप ध्यान रखें कि आल्ट टेक्स्ट हमेशा आपकी पोस्ट के हिसाब से होनी चाहिए क्योंकि अगर ऐसा नहीं होगा तो फिर उसका कोई फायदा नहीं है. बता दें कि आप वर्डप्रेस में बिना किसी परेशानी के अपनी इमेज के लिए आल्ट टेक्स्ट डाल सकते हैं.
  • अपनी इमेजेस से हाइपरलिंक को हटाएं – वर्डप्रेस में जब भी आप अपनी कोई पोस्ट अपलोड करते हैं तो वहां पर ऑटोमेटिकली इमेज लोकेशन का एक सोर्स कोड वर्डप्रेस जोड़ देता है जोकि रीडर्स को काफी डिस्ट्रेक्ट कर देता है क्योंकि रीडर पोस्ट पढ़ते समय यदि गलती से इमेज पर क्लिक कर देता है तो वह उस इमेज की लोकेशन पर पहुंच जाता है जिससे रीडर चिढ़ सकता है और यह संभव है कि वह दोबारा आपके पोस्ट को पढ़ना ना चाहे. तो बेहतर यही होगा कि आप अपनी इमेज से हाइपरलिंक को रिमूव कर दें. अपनी इमेज से हाइपरलिंक रिमूव करने के लिए आपको बस एक सिंपल सा तरीका अपनाना है वह यह कि जब आप अपनी इमेज अपलोड करते हैं तो उस समय राइट साइड में अटैचमेंट्स डिस्प्ले सेटिंग में आपको लिंक टू (Link to) का विकल्प दिखेगा तो बस यहां पर इमेज से हाइपरलिंक हटाने के लिए आपको इस ड्रॉप डाउन मेन्यू से नन (None) सिलेक्ट करना है.
  • इमेज फॉरमैट [जेपीईजी (JPEG), पीएनजी (PNG) या जीआईएफ (GIF)] – आपको बता दें कि किसी भी इमेज के कई फॉर्मेट होते हैं लेकिन सबसे अधिक JPEG इमेज फॉर्मेट का उपयोग किया जाता है. निम्नलिखित हम आपको सभी इमेज फॉर्मेट के बारे में जानकारी दे रहे हैं-
  • जेपीईजी (JPEG) फॉर्मेट – जानकारी के लिए बता दें कि इसे जेपीजी (JPG) भी कहते हैं. यह लॉसी कंप्रेस्ड फाइल फॉर्मेट है जो की सर्वाधिक इस्तेमाल किया जाता है. साथ ही बता दें कि यह फोटोग्राफी के लिए सबसे उत्तम माना जाता है.
  • पीएनजी (PNG) फॉर्मेट- यह एक लॉसलैस (lossless) फाइल फॉर्मेट है जो लाइन ड्राइंग, टेक्स्ट और आईकॉनिक ग्राफिक्स के लिए सबसे अधिक उत्तम माना जाता है. इसकी सबसे बड़ी विशेषता यह है कि इसको अगर आप री-साइज करेंगे तो इसकी क्वालिटी में किसी भी प्रकार का कोई बदलाव नहीं आएगा.
  • जीआईएफ (GIF) फॉर्मेट- जीआईएफ एक प्रकार की एनिमेशन इमेज होती है जो कि विभिन्न रेजोल्यूशन और कलर्स को सपोर्ट करती है और यह संसार भर में काफी पॉपुलर और लोकप्रिय इमेज फॉर्मेट है.

ऊपर हमने आपको जो इमेज फॉर्मेट बताए हैं उनमें से आप जेपीईजी (JPEG)  इमेज फॉर्मेट को ही इस्तेमाल करें क्योंकि यह छोटे साइज के होते हैं और जल्दी लोड भी हो जाते हैं.

  • इमेज साइटमैप बनाएं- हर ब्लॉग या वेबसाइट के लिए इमेज साइटमैप बहुत अधिक आवश्यक होता है और विशेषकर उस समय जब वह वेबसाइट या ब्लॉग बिल्कुल नया हो. इसके माध्यम से सर्च इंजन आपकी वेबसाइट को बहुत अच्छी तरह से क्रॉल करके इंडेक्स करने में सहायता करता है. अगर आप अपने ब्लॉग में बहुत सारी इमेजेस का प्रयोग करना चाहते हैं तो ध्यान रखें कि अपनी इमेज के लिए एक साइटमैप अवश्य सबमिट करें. इमेज साइटमैप क्रिएट करने के लिए आप योस्ट एसईओ (Yoast SEO)  प्लगइन को प्रयोग कर सकते हैं.
  • वर्डप्रेस साइट के लिए सबसे बेस्ट इमेज ऑप्टिमाइजर प्लगइन निम्नलिखित हम आपको कुछ इमेज ऑप्टिमाइजर प्लगइन के नाम बता रहे हैं जिनकी सहायता से आप अपनी वेबसाइट या ब्लॉग की इमेजेस को सरलता के साथ ऑप्टिमाइज़ और कंप्रेस कर सकेंगे.
  • एसईओ इमेज ऑप्टिमाइजर (SEO Image Optimizer) – जानकारी के लिए बता दें कि यह एक बेस्ट वर्डप्रेस प्लगइन है जिसकी सहायता से आप अपनी इमेज को एसईओ फ्रेंडली बना सकते हैं. इस प्लगइन की सहायता से आप इमेजेस के टाइटल, आल्ट टेक्स्ट, इमेज री-साइज और कंप्रेस जैसे महत्वपूर्ण काम कर सकते हैं.
  • शार्टपिक्सल इमेज ऑप्टिमाइजर (ShortPixel Image Optimizer) – यह प्लगइन भी एक बहुत अच्छा प्लगइन है जिसकी सहायता से किसी भी इमेज या पीडीएफ डॉक्यूमेंट को ऑप्टिमाइज किया जा सकता है. यह वेबसाइट के लोड टाइम को काफी अधिक सुधारता है.
  • ईडब्लूडब्लूडब्लू इमेज ऑप्टिमाइजर (EWWW Image Optimizer) – यह इमेज ऑप्टिमाइजर प्लगइन भी काफी अधिक पॉपुलर और उत्तम है. यह आपकी अपलोड की हुई नई इमेजेस के साथ-साथ आपकी पुरानी इमेजेस को भी ऑटोमेटिकली ऑप्टिमाइज़ कर देता है और उन्हें बेस्ट फाइल फॉर्मेट में कन्वर्ट कर देता है.
  • एसएमयूएसएच इमेज कंप्रेशन एंड ऑप्टिमाइजेशन (Smush Image compression and optimization) – वर्डप्रेस साइट के लिए यह एक बहुत ही अधिक प्रसिद्ध इमेज ऑप्टिमाइजर प्लगइन है जिसकी सहायता से आप अपनी साईट पर जब इमेजेस अपलोड करेंगे तो यह ऑटोमेटिकली इमेज की साइज को कंप्रेस करने का काम करता है. साथ ही यह प्लगइन पुरानी इमेजेस को भी ऑप्टिमाइज करने का कार्य भी करता है.

कंप्रेस जेपीईजी (JPEG) एंड पीएनजी (PNG) इमेजेस

अगर आप इस प्लगइन का इस्तेमाल करना चाहते हैं तो इसके लिए आपको इस पर अपना अकाउंट बनाना होगा. इस प्रकार आप हर महीने 100 इमेजेस फ्री में ऑप्टिमाइज़ कर सकते हैं. यहां बता दें कि जिस समय आप अपनी वेबसाइट में इमेजेस अपलोड करेंगे तो यह ऑटोमेटिकली उसको कंप्रेस कर देगा. इसके अलावा आप इसका उपयोग पुरानी इमेजेस को कंप्रेस करने के लिए भी कर सकते हैं.

इमेज ऑप्टिमाइजेशन की कुछ महत्वपूर्ण बातें

टॉपिकइमेज ऑप्टिमाइजेशन
क्यों करते हैंइमेजेस को एसईओ फ्रेंडली बनाने के लिए
कहां से प्रयोग करेंफ्री वेबसाइट्स से
इमेज फॉरमैट के प्रकारजेपीईजी, पीएनजी, जीआईएफ
बेस्ट इमेज फॉरमैटजेपीईजी

FAQ

Q : इमेज ऑप्टिमाइजेशन क्यों जरूरी होता है ?

Ans : सर्च इंजन में इमेजेस की अच्छी परफॉर्मेंस के लिए.

Q : क्या अपने ब्लॉग में गूगल से इमेजेस लेकर प्रयोग कर सकते हैं ?

Ans : नहीं.

Q : फ्री इमेजेस कहां से ?

Ans : पिक्साबे, पैक्सेल्स, मोर्गफाइल, फ्री डिजिटल फोटोज से.

Q : इमेज से हाइपरलिंक हटाना जरूरी होता है ?

Ans : हां.

Q : ब्लॉग के लिए कौन सा इमेज फॉर्मेट सबसे सही होता है ?

Ans : JPEG फॉरमैट.

Q : क्या इमेज के लिए साइटमैप जरूरी है ?

Ans : हां.





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